महिलाओं को पंख दे रही ‘उड़ान’, 5 लाख से

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महिलाओं को पंख दे रही ‘उड़ान’, 5 लाख से
अधिक जरूरतमंदों की बदल दी जिंदगी

जबलपुर। मध्य प्रदेश के जबलपुर शहर से संचालित उड़ान संस्था’ आज समाज सेवा और महिला सशक्तिकरण का एक प्रेरणादायक उदाहरण बन चुकी है। पिछले 6 वर्षों से यह गैर-सरकारी संगठन (NGO) गरीब, जरूरतमंद और वंचित वर्ग के लोगों की सहायता के लिए लगातार कार्य कर रहा है। संस्था ने न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में अहम भूमिका निभाई है, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, विवाह सहायता और रोजगार जैसे क्षेत्रों में भी उल्लेखनीय योगदान दिया है।

जरूरतमंदों तक पहुंचाना मदद, जहां सरकार की पहुंच भी सीमित

उड़ान संस्था की संस्थापक एवं संचालक प्रीति गुप्ता बताती हैं कि संस्था का मुख्य उद्देश्य उन लोगों तक सहायता पहुंचाना है, जो अक्सर सरकारी योजनाओं या अन्य संसाधनों से वंचित रह जाते हैं।

संस्था किसी भी व्यक्ति की मदद करने से पहले उसका बैकग्राउंड वेरिफिकेशन करती है, ताकि सहायता सही जरूरतमंद तक पहुंच सके। इसी प्रक्रिया के तहत उड़ान संस्था ने अब तक हजारों परिवारों को राहत और सहारा प्रदान किया है।

महिला सशक्तिकरण बना संस्था का सबसे बड़ा मिशन

उड़ान संस्था विशेष रूप से महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने पर काम कर रही है।

संस्था की प्रमुख उपलब्धियां

• लगभग 400 महिलाओं को सिलाई मशीनें उपलब्ध कराईं, ताकि वे अपना स्वरोजगार शुरू कर सकें।

5,000 से अधिक महिलाओं को गैस सिलेंडर वितरित किए।

गरीब और जरूरतमंद बच्चों की शिक्षा में सहयोग।

आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों के विवाह में सहायता।

महिलाओं को आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन जीने के लिए प्रोत्साहित करना।

बचपन के समाज सेवा के जुनून से शुरू हुई ‘उड़ान’

प्रीति बताती हैं कि उन्हें बचपन से ही लोगों की मदद करने का शौक था। उनका परिवार सराफा व्यवसाय से जुड़ा हुआ है, लेकिन सामाजिक कार्यों के प्रति उनका झुकाव स्कूल के दिनों से ही रहा।

उन्होंने बताया कि जब वह आठवीं कक्षा में थीं, तब अपने बड़े भाई को समाज सेवा करते देखकर प्रेरित हुईं। इसके बाद उन्होंने गरीब बच्चों को निःशुल्क पढ़ाने और छोटे-छोटे सामाजिक कार्यों से अपनी सेवा यात्रा शुरू की।

करीब 15 वर्षों से समाज सेवा से जुड़ी प्रीति  गुप्ता ने छह वर्ष पहले उड़ान संस्था’ की स्थापना की और तब से लगातार जरूरतमंदों की सहायता कर रही हैं।

बिना सरकारी फंडिंग के चल रही है संस्था

उड़ान संस्था की एक खास बात यह भी है कि संस्था ने अब तक सरकार से किसी प्रकार की फंडिंग नहीं ली है। संस्था समाज के सहयोग और अपने सदस्यों के योगदान से संचालित होती है।

आज संस्था से जबलपुर के करीब 7,000 सदस्य जुड़े हुए हैं, जबकि देशभर से लोग सोशल मीडिया के माध्यम से संस्था के कार्यों में सहयोग कर रहे हैं।

संस्था से जुड़ने के लिए 1,500 रुपये की रजिस्ट्रेशन फीस निर्धारित की गई है।

धर्म और जाति से ऊपर उठकर कर रही सेवा

उड़ान संस्था की पहचान उसकी सर्वधर्म समभाव की सोच से भी होती है।

संस्था ने बिना किसी धर्म, जाति या वर्ग का भेदभाव किए हर जरूरतमंद की मदद की है। विभिन्न समुदायों की महिलाओं के विवाह संपन्न कराने से लेकर आर्थिक सहायता प्रदान करने तक, संस्था ने मानवता को प्राथमिकता दी है।

6 साल में 5 लाख से ज्यादा लोगों तक पहुंची मदद

उड़ान संस्था का दावा है कि पिछले छह वर्षों में उसने 5 लाख से अधिक जरूरतमंद लोगों की सहायता की है। संस्था के सदस्य जरूरतमंदों को केवल आर्थिक मदद ही नहीं देते, बल्कि उन्हें एक पारिवारिक माहौल और भावनात्मक सहयोग भी प्रदान करते हैं।

प्रीति का मानना है कि समाज सेवा का असली उद्देश्य लोगों को यह महसूस कराना है कि वे अकेले नहीं हैं और समाज उनके साथ खड़ा है।

सन्दर्भ स्रोत : न्यूज़ 18

सम्पादन : मीडियाटिक डेस्क  

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